Monday, 1 August 2016

** कलम की धार **

Created by - Teras Kaiwartya (Aansu)
Date - 01/01/2016
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ये कलम की धार आभार लिखती है ।
दयानिधि गुरुओं को प्रणाम लिखती है।
     मीरा ,राधा से श्याम तक ,
     हीर - राँझा से शिरी - फरहाद तक ,
प्राचीन से वर्तमान तक , यह प्यार दिखता है ,
ये कलम की धार दीदार लिखती है।
     अर्जून, से औरंगजेब तक ,
     कुरुक्षेत्र से चित्तौड़ तक ,
रजनी से प्रभात तक , इतिहास लिखती है।
ये कलम की धार क्या - क्या बात लिखती है।
     बेबस लाचार अमीरों का , 
     साधु - संत फकीरों का ,
विद्या दाता, कवियों का , हाव -भाव लिखती है।
ये कलम की धार हाल - चाल लिखती है।
     नभ जमी सर्व अवतार का ,
     सात समुन्दर पार का ,
नमी हवा अंगार का , आकार खिंचती है।
ये कलम की धार पहचान लिखती है।

प्रथम स्थान गुरु का, स्वयं भगवान लिखते है।
ये कलम की धार वाह - वाह लिखती है।
ये कलम की धार बार - बार लिखती है।

             तेरस कैवर्त्य (आँसू  )
           सोनाडुला , (बिलाईगढ़)
        जिला - बलौदाबाजार (छ.ग.)
मोबाइल - 9165720460,7770989795

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